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अमेरिका का चाबहार पोर्ट पर हमला: भारत के रणनीतिक निवेश को झटका, कंट्रोल टावर हुआ क्षतिग्रस्त
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अमेरिका का चाबहार पोर्ट पर हमला: भारत के रणनीतिक निवेश को झटका, कंट्रोल टावर हुआ क्षतिग्रस्त

अमेरिका ने लगातार छठी रात ईरान पर की एयरस्ट्राइक, चाबहार पोर्ट भी बना निशाना अमेरिका ने ईरान के खिलाफ अपने सैन्य अभियान को तेज करते हुए लगातार छठी रात बड़े पैमाने पर एयरस्ट्राइक की। इस अभियान के दौरान ईरान के दक्षिण-पूर्वी तट पर स्थित चाबहार पोर्ट को भी निशाना बनाया गया, जहां भारत ने महत्वपूर्ण रणनीतिक निवेश किया है। हमले में पोर्ट के कंट्रोल (निगरानी) टावर को गंभीर नुकसान पहुंचने की जानकारी सामने आई है। अमेरिकी रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ ने सोशल मीडिया पर कंट्रोल टावर के क्षतिग्रस्त होने की तस्वीर साझा करते हुए दावा किया कि यह कार्रवाई ईरान की सैन्य क्षमताओं को कमजोर करने के उद्देश्य से की गई। वहीं, ईरान की समाचार एजेंसी मेहर ने भी चाबहार पोर्ट पर हमले की पुष्टि की है। रिपोर्ट के अनुसार, पिछले एक सप्ताह में इस कंट्रोल टावर पर यह तीसरा हमला है। CENTCOM ने क्या कहा? अमेरिकी सें...
अमेरिका का ईरान पर फिर बड़ा हमला, जवाब में बहरीन-कुवैत पर मिसाइलें; जॉर्डन ने 8 मिसाइलें मार गिराईं
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अमेरिका का ईरान पर फिर बड़ा हमला, जवाब में बहरीन-कुवैत पर मिसाइलें; जॉर्डन ने 8 मिसाइलें मार गिराईं

पश्चिम एशिया में हालात एक बार फिर बेहद तनावपूर्ण हो गए हैं। गुरुवार तड़के अमेरिका ने ईरान के कई सैन्य ठिकानों पर बड़े पैमाने पर एयरस्ट्राइक की। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) के अनुसार, इन हमलों में मिसाइल लॉन्च साइट, एयर डिफेंस सिस्टम, सैन्य कमांड सेंटर और सिस्तान-बलूचिस्तान प्रांत में स्थित 388वीं ब्रिगेड की बैरकों को निशाना बनाया गया। अमेरिकी सेना का दावा है कि इन हमलों का उद्देश्य ईरान की सैन्य क्षमता को कमजोर करना और क्षेत्र में अमेरिकी हितों की रक्षा करना था। हमले के कुछ ही घंटों बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए बहरीन, कुवैत और जॉर्डन में अमेरिकी सैन्य ठिकानों की ओर मिसाइलें दागीं। क्षेत्र में कई जगह एयर डिफेंस सिस्टम सक्रिय कर दिए गए, जिससे बड़े नुकसान को टालने का दावा किया गया। जॉर्डन ने 8 मिसाइलें हवा में ही नष्ट कीं क्षेत्रीय सुरक्षा अधिकारियों के मुताबिक, जॉर्डन की ...
Iran Missile Attack: होर्मुज स्ट्रेट में तेल टैंकर पर हमला, भारतीय की मौत, अमेरिका-ईरान तनाव बढ़ा
Breaking News, बिज़नेस

Iran Missile Attack: होर्मुज स्ट्रेट में तेल टैंकर पर हमला, भारतीय की मौत, अमेरिका-ईरान तनाव बढ़ा

ईरान के मिसाइल हमले में भारतीय की मौत, होर्मुज स्ट्रेट में तेल टैंकर निशाना; अमेरिका-ईरान तनाव चरम पर मध्य पूर्व में ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते सैन्य तनाव का असर अब वैश्विक समुद्री व्यापार और भारतीय नागरिकों पर भी दिखाई देने लगा है। होर्मुज स्ट्रेट में सोमवार देर रात ईरान ने संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के दो तेल टैंकरों पर क्रूज मिसाइलों से हमला कर दिया। इस हमले में एक भारतीय नागरिक की मौत हो गई, जबकि छह भारतीयों समेत कुल आठ लोग घायल हुए हैं। घटना के बाद भारत सरकार ने मामले पर गंभीर चिंता जताई है। विदेश मंत्रालय ने ईरान के राजनयिक (Diplomat) को तलब कर भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को लेकर कड़ा विरोध दर्ज कराया है। भारत ने ईरान से घटना की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है। होर्मुज स्ट्रेट क्यों है इतना अहम? होर्मुज स्ट्रेट दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण समुद्री व्यापारिक...
PM Modi New Zealand Visit: 40 साल बाद भारतीय प्रधानमंत्री का न्यूजीलैंड दौरा, FTA समझौते पर होगी बड़ी बातचीत, ऑकलैंड में 40 हजार भारतीयों को करेंगे संबोधित
देश, बिज़नेस, राजनीति

PM Modi New Zealand Visit: 40 साल बाद भारतीय प्रधानमंत्री का न्यूजीलैंड दौरा, FTA समझौते पर होगी बड़ी बातचीत, ऑकलैंड में 40 हजार भारतीयों को करेंगे संबोधित

40 साल बाद न्यूजीलैंड पहुंचे प्रधानमंत्री मोदी, FTA समझौते पर होगी अहम बातचीत, ऑकलैंड में 40 हजार भारतीयों को करेंगे संबोधित प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने छह दिवसीय विदेश दौरे के अंतिम चरण में न्यूजीलैंड पहुंच गए हैं। यह दौरा कई मायनों में ऐतिहासिक माना जा रहा है, क्योंकि करीब 40 वर्षों बाद किसी भारतीय प्रधानमंत्री ने न्यूजीलैंड की आधिकारिक यात्रा की है। इससे पहले वर्ष 1986 में तत्कालीन प्रधानमंत्री राजीव गांधी न्यूजीलैंड पहुंचे थे। प्रधानमंत्री मोदी का न्यूजीलैंड दौरा भारत और न्यूजीलैंड के बीच रणनीतिक, आर्थिक और व्यापारिक संबंधों को नई मजबूती देने वाला माना जा रहा है। इस यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच लंबे समय से लंबित फ्री ट्रेड एग्रीमेंट (FTA) को अंतिम रूप देने पर महत्वपूर्ण चर्चा होगी। FTA समझौते पर रहेगी सबसे बड़ी नजर प्रधानमंत्री मोदी की यात्रा की शुरुआत न्यूजीलैंड स...
NATO Summit में ट्रम्प का बड़ा बयान: ईरान से सीजफायर खत्म, अब कोई समझौता नहीं; अमेरिका ने 80 से ज्यादा ठिकानों पर किए हमले
Breaking News, बिज़नेस

NATO Summit में ट्रम्प का बड़ा बयान: ईरान से सीजफायर खत्म, अब कोई समझौता नहीं; अमेरिका ने 80 से ज्यादा ठिकानों पर किए हमले

अंतरराष्ट्रीय राजनीति में एक बार फिर तनाव चरम पर पहुंच गया है। NATO Summit के दौरान अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने ऐलान किया कि ईरान के साथ हुआ सीजफायर समझौता अब समाप्त हो चुका है और अमेरिका अब तेहरान के साथ किसी भी तरह की नई डील करने के पक्ष में नहीं है। ट्रम्प के इस बयान ने मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव को और गहरा कर दिया है। ट्रम्प बोले- हर हमले का मिलेगा करारा जवाब NATO समिट में पत्रकारों से बातचीत करते हुए ट्रम्प ने कहा कि अमेरिका ने पिछली रात ईरान के कई सैन्य ठिकानों पर बड़ी कार्रवाई की है। उन्होंने कहा, "हमने ईरान पर बेहद सटीक और शक्तिशाली हमला किया है। हमने खतरनाक लोगों को निशाना बनाया है। अगर ईरान हर बार हमला करेगा तो अमेरिका भी उसी ताकत से जवाब देगा।" ट्रम्प ने यह भी साफ कर दिया कि अब अमेरिका का उद्देश्य केवल ईरान के परमाणु कार्यक्रम को खत्म करना ही नहीं, बल्कि...
CIA एजेंट बनकर इंडोनेशिया के राष्ट्रपति को लगाया 425 करोड़ का चूना! भारतवंशी कारोबारी पर बड़ा खुलासा
क्राइम, देश

CIA एजेंट बनकर इंडोनेशिया के राष्ट्रपति को लगाया 425 करोड़ का चूना! भारतवंशी कारोबारी पर बड़ा खुलासा

भारतवंशी कारोबारी गौरव श्रीवास्तव एक बार फिर गंभीर विवादों में घिर गए हैं। अमेरिका में पहले से धोखाधड़ी के कई मामलों का सामना कर रहे गौरव पर अब इंडोनेशिया में भी करोड़ों रुपये के कथित रक्षा घोटाले का आरोप लगा है। खोजी संस्था OCCRP और इंडोनेशिया की प्रतिष्ठित पत्रिका Tempo की संयुक्त जांच रिपोर्ट में दावा किया गया है कि गौरव श्रीवास्तव ने खुद को अमेरिकी खुफिया एजेंसी CIA का एजेंट बताकर इंडोनेशिया के वर्तमान राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो (जो उस समय रक्षा मंत्री थे) का भरोसा जीता और रक्षा सौदों के नाम पर लगभग 425 करोड़ रुपये का फर्जी कर्ज मंजूर करा लिया। रक्षा सौदों के नाम पर रची गई कथित साजिश रिपोर्ट के मुताबिक, गौरव श्रीवास्तव ने दावा किया था कि वह इंडोनेशिया को अमेरिका से 36 F-15 लड़ाकू विमान, ब्लैक हॉक हेलिकॉप्टर और अत्याधुनिक मिलिट्री कमांड एंड कंट्रोल सिस्टम उपलब्ध करा सकता है।...
सीरिया में राष्ट्रपति मैक्रों के दौरे के दौरान धमाके: होटल से 125 मीटर दूर हुए दो ब्लास्ट, 18 घायल, फ्रांसीसी राष्ट्रपति सुरक्षित
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सीरिया में राष्ट्रपति मैक्रों के दौरे के दौरान धमाके: होटल से 125 मीटर दूर हुए दो ब्लास्ट, 18 घायल, फ्रांसीसी राष्ट्रपति सुरक्षित

सीरिया की राजधानी दमिश्क में मंगलवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई जब फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों के आधिकारिक दौरे के दौरान दो जोरदार धमाके हुए। शुरुआती जानकारी के अनुसार, ये विस्फोट उस फोर सीजंस होटल से करीब 125 मीटर की दूरी पर हुए, जहां राष्ट्रपति मैक्रों ठहरे हुए थे। हालांकि राहत की बात यह रही कि धमाकों में मैक्रों पूरी तरह सुरक्षित हैं। सीरियाई मीडिया के मुताबिक इन धमाकों में 18 लोग घायल हुए हैं, जिनमें 4 पुलिसकर्मी भी शामिल हैं। घटना के बाद पूरे इलाके में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई और आसपास की सभी प्रमुख सड़कों को बंद कर दिया गया। घटनास्थल पर मचा हड़कंप धमाकों के बाद सोशल मीडिया पर कई वीडियो सामने आए, जिनमें घटनास्थल से घना धुआं उठता और आग की लपटें दिखाई दे रही हैं। धमाके के तुरंत बाद पुलिस, सेना और राहत दल मौके पर पहुंच गए। सुरक्षा एजेंसियों ने इलाके की घेराबंदी कर ...
वेनेजुएला में भूकंप का कहर: मृतकों की संख्या 1,943 पहुंची, 10 हजार से ज्यादा घायल, राहत-बचाव अभियान जारी
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वेनेजुएला में भूकंप का कहर: मृतकों की संख्या 1,943 पहुंची, 10 हजार से ज्यादा घायल, राहत-बचाव अभियान जारी

दक्षिण अमेरिकी देश वेनेजुएला में आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने भारी तबाही मचा दी है। ताजा सरकारी आंकड़ों के अनुसार, इस प्राकृतिक आपदा में अब तक 1,943 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 10,000 से अधिक लोग घायल बताए जा रहे हैं। हजारों लोग अब भी लापता हैं, जिनकी तलाश के लिए राहत और बचाव अभियान लगातार जारी है। सरकार ने सबसे ज्यादा प्रभावित इलाकों में आपातकाल (Emergency) घोषित कर दिया है और राहत कार्यों को तेज करने के लिए सशस्त्र बलों (Army) को तैनात किया गया है। प्रभावित परिवारों के लिए अस्थायी राहत शिविर बनाए गए हैं, जबकि मेडिकल टीमें घायलों का इलाज कर रही हैं। सोमवार को फिर आया भूकंप का झटका मुख्य भूकंपों के कुछ दिनों बाद सोमवार सुबह काराकास और ला गुइरा के पास 4.2 तीव्रता का एक और भूकंप दर्ज किया गया। इस आफ्टरशॉक के बाद लोगों में एक बार फिर दहशत फैल गई और हजारों नागरिक घरों व दफ्तरों से निक...
जापान की प्रधानमंत्री सानाए ताकाइची भारत दौरे पर, मोदी संग होगी अहम शिखर वार्ता; रुपए-येन में व्यापार पर लग सकती है मुहर
देश, बिज़नेस

जापान की प्रधानमंत्री सानाए ताकाइची भारत दौरे पर, मोदी संग होगी अहम शिखर वार्ता; रुपए-येन में व्यापार पर लग सकती है मुहर

जापान की प्रधानमंत्री सानाए ताकाइची तीन दिवसीय आधिकारिक भारत दौरे पर बुधवार को टोक्यो से नई दिल्ली के लिए रवाना हो गईं। प्रधानमंत्री बनने के बाद यह उनका पहला भारत दौरा है, जिसे भारत-जापान संबंधों के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। यह यात्रा 1 से 3 जुलाई तक चलेगी, जिसमें दोनों देशों के बीच रणनीतिक, आर्थिक और रक्षा सहयोग को नई दिशा देने की कोशिश की जाएगी। 16वें भारत-जापान शिखर सम्मेलन में होगी अहम चर्चा नई दिल्ली पहुंचने के बाद प्रधानमंत्री सानाए ताकाइची प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ 16वें भारत-जापान वार्षिक शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगी। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच द्विपक्षीय वार्ता होगी, जिसमें निवेश, व्यापार, सेमीकंडक्टर, महत्वपूर्ण खनिज, सप्लाई चेन, रक्षा सहयोग, समुद्री सुरक्षा और हिंद-प्रशांत क्षेत्र की रणनीति जैसे कई महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा होगी। विदेश मं...
सड़कें पिघलीं, पटरियां उखड़ीं, 1300 मौतें! यूरोप में गर्मी ने क्यों तोड़े सारे रिकॉर्ड, भारत से ज्यादा खतरनाक कैसे?
राजनीति

सड़कें पिघलीं, पटरियां उखड़ीं, 1300 मौतें! यूरोप में गर्मी ने क्यों तोड़े सारे रिकॉर्ड, भारत से ज्यादा खतरनाक कैसे?

स्विट्जरलैंड, फ्रांस, जर्मनी... इन देशों का नाम सुनते ही दिमाग में बर्फ से ढके पहाड़, खूबसूरत सड़कें और ठंडा मौसम याद आता है। लेकिन इस समय पूरा यूरोप भीषण गर्मी की चपेट में है। हालात इतने खराब हैं कि कई जगह सड़कें पिघल रही हैं, रेलवे की पटरियां टेढ़ी हो रही हैं और शुरुआती रिपोर्टों के मुताबिक करीब 1,300 लोगों की जान गर्मी से जुड़ी परिस्थितियों में जा चुकी है। आखिर यूरोप में इतनी तबाही क्यों? यूरोप इस समय एक शक्तिशाली हीट डोम (Heat Dome) की गिरफ्त में है। यह ऐसी मौसमीय स्थिति होती है जिसमें गर्म हवा का एक विशाल गुंबद किसी क्षेत्र के ऊपर फंस जाता है। इससे कई दिनों तक तापमान लगातार बढ़ता रहता है और रात में भी गर्मी कम नहीं होती। सड़कें और रेलवे ट्रैक क्यों पिघल रहे हैं? यूरोप के कई देशों का इंफ्रास्ट्रक्चर अत्यधिक गर्मी के लिए डिजाइन नहीं किया गया था। लंबे समय तक 40 डिग्री सेल्सिय...